वास्तु दोष - घर में चित्र कैसे लगाए*

 *वास्तु दोष - घर में चित्र कैसे लगाए*


घरों में तस्वीर या चित्र लगाने से घर सुंदर दिखता है, 

परंतु बहुत कम ही लोग यह जानते हैं कि घर में लगाए गए 

चित्र का प्रभाव वहां रहने वाले लोगों के जीवन पर 

भी पड़ता है। वास्तु शास्त्र के अनुसार घर में श्रृंगार, 

हास्य व शांत रस उत्पन्न करने वाली तस्वीरें ही लगाई 

जानी चाहिए। 

घर के अन्दर और बाहर सुन्दर चित्र , पेंटिंग , बेल- बूटे , 

नक्काशी लगाने से ना सिर्फ सुन्दरता बढती है , 

वास्तु दोष भी दूर होते है। 

1- फल-फूल व हंसते हुए बच्चों की तस्वीरें जीवन 

शक्ति का प्रतीक है। उन्हें पूर्वी व उत्तरी दीवारों 

पर लगाना शुभ होता है। इनसे जीवन में खुशहाली 

आती है। 

2- लक्ष्मी व कुबेर की तस्वीरें भी उत्तर दिशा में 

लगानी चाहिए। ऐसा करने से धन लाभ होने की 

संभावना अधिक होती है। 

3- यदि आप पर्वत आदि प्राकृतिक दृश्यों की तस्वीरें 

लगाना चाहते हैं तो दक्षिण या पश्चिम दिशा में 

लगाएं। 

4- नदियों-झरनों आदि की तस्वीरें उत्तरी व पूर्वी 

दिशा में लगाना शुभ होता है। 

5- 

युद्ध प्रसंग, रामायण या महाभारत के युद्ध के चित्र, 

क्रोध, वैराग्य, डरावना, वीभत्स, दुख की भावना 

वाला, करुण रस से ओतप्रोत स्त्री, रोता बच्चा, 

अकाल, सूखे पेड़ कोई भी चित्र घर में न लगायें। 

6.घर का उत्तर पूर्व कोना (इशान कोण) स्वच्छ रखें व 

वंहा बहते पानी का चित्र लगायें | (ध्यान रहे इस 

चित्र में पहाड़/पर्वत न हो )


7. उत्तर क्षेत्र की दीवार पर हरियाली या हरे चहकते हुए 

पक्षियों का शुभ चित्र लगाएं। 

ऐसा करने से परिवार के लोगों की एकाग्रता बनेगी 

साथ ही बुध ग्रह के शुभ परिणाम मिलेंगे। उत्तर दिशा 

बुध की होती है। 

8.लक्ष्मी व कुबेर की तस्वीरें भी उत्तर दिशा में लगानी 

चाहिए। ऐसा करने से धन लाभ होने की संभावना है। 

9. घर में जुडवां बत्तख व हंस के चित्र लगाना लगाना 

श्रेष्ठ रहता है। ऐसा करने से समृद्धि आती है। 

10. घर की तिजोरी के पल्ले पर बैठी हुई लक्ष्मीजी की 

तस्वीर जिसमें दो हाथी सूंड उठाए नजर आते हैं, 

लगाना बड़ा शुभ होता है। तिजोरी वाले कमरे का 

रंग क्रीम या ऑफ व्हाइट रखना चाहिए। 

11.बच्चाा जिस तरफ मुंह करके पढता हो, उस दीवार पर 

मां सरस्वती का चित्र लगाएं। पढाई में रूचि जागृत 

होगी। 

12 . अध्ययन कक्ष में मोर, वीणा, पुस्तक, कलम, हंस, मछली 

आदि के चित्र लगाने चाहिए। 

13. बच्चों के शयन कक्ष में हरे फलदार वृक्षों के चित्र, 

आकाश, बादल, चंद्रमा अदि तथा समुद्र तल की शुभ 

आकृति वाले चित्र लगाने चाहिए। 

14.फल-फूल व हंसते हुए बच्चों की तस्वीरें जीवन शक्ति 

का प्रतीक है। उन्हें पूर्वी व उत्तरी दीवारों पर 

लगाएं। 

15.ऐसे नवदम्पत्ति जो संतान सुख पाना चाहते हैं वे 

श्रीकृष्ण का बाल रूप दर्शाने वाली तस्वीर अपने 

बेडरूम में लगाएं। 

16.यदि आप अपने वैवाहिक रिश्ते को अधिक मजबुत और 

प्रसन्नता से भरपूर बनाना चाहते हैं तो अपने बेडरुम में 

नाचते हुए मोर का चित्र लगाएं। 

17.यूं तो पति-पत्नी के कमरे में पूजा स्थल बनवाना या 

देवी-देवताओं की तस्वीर लगाना वास्तुशास्त्र में 

निषिद्ध है फिर भी राधा-कृष्ण 

की तस्वीर बेडरूम में लगा सकते हैं। इसके साथ ही 

बांसुरी, शंख, हिमालय आदि के चित्र दाम्पत्य सुख में 

वृद्धि के कारक होते हैं। 

18.कैरियर में सफलता प्राप्ति के लिए उत्तर दिशा में 

जंपिंग फिश, डॉल्फिन या मछालियों के जोड़े का 

प्रतीक चिन्ह लगाए जाने चाहिए। इससे न केवल बेहतर 

कैरियर की ही प्राप्ति होती है बल्कि व्यक्ति की 

बौद्धिक क्षमता भी बढ़ती है। 

19.अपने शयन कक्ष की पूर्वी दीवार पर उदय होते हुए सूर्य

की ओर पंक्तिबद्ध उड़ते हुए शुभ उर्जा वाले पक्षियों 

के चित्र लगाएं। निराश, आलस से परिपूर्ण, अकर्मण्य, 

आत्मविश्वास में कमी अनुभव करने वाले व्यक्तियों के 

लिए यह विशेष प्रभावशाली है। 

20.स्वर्गीय परिजनों के चित्र दक्षिण की दीवार पर 

लगाने से सुख समृधि बढेगी


21.अग्नि कोण में रसोई घर नहीं हो, तो उस कोण में यज्ञ 

करते हुए ऋषि-विप्रजन की चित्राकृति लगानी 

चाहिए। 

22.रसोई घर में माँ अन्नपूर्णा का चित्र शुभ माना 

जाता है।


23.मुख्य द्वार यदि वास्तु अनुरूप ना हो तो उस पर 

नक्काशी , बेल बूटे बनवाएं। 

24.दाम्पत्य जीवन को सुखमय बनाने के लिए घर में राधा 

कृष्ण की तस्वीर लगाएं। 

25.पढने के कमरे में माँ सरस्वती , हंस , वीणा या 

महापुरुषों की तस्वीर लगाएं। 

26.व्यापर में सफलता पाने के लिए कारोबार स्थल पर 

सफल और नामी व्यापारियों के चित्र लगाएं। 

27.पूर्वजों की तस्वीर देवी देवताओं के साथ ना लगाएं।


28.दक्षिण मुखी भवन के द्वार पर नौ सोने या पीतल के 

नवग्रह यंत्र लगाए और हल्दी से स्वस्तिक बनाए।

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